20 Sep 2021, 05:21:53 के समाचार About us Android App Advertisement Contact us app facebook twitter android
State

हिमाचल के सिरमौर में बड़ा भूस्खलन, पलक झपकते ही जमींदोज हो गई सड़क

By Dabangdunia News Service | Publish Date: Jul 30 2021 9:08PM | Updated Date: Jul 30 2021 9:08PM
  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

शिमला। हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में शुक्रवार को एक बड़ा भूस्खलन हुआ। यहां सिरमौर जिले के कामरौ में बड़वास के पास राष्ट्रीय राजमार्ग 707 के साथ पहाड़ का एक बड़ा हिस्सा देखते ही देखते जमींदोज हो गया और साथ ही सड़क का एक बड़ा हिस्सा टूटकर खाई में जा गिरा। हालांकि किसी के जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है मगर मंजर इतना खौफनाक था कि कुछ देर के लिए हाइवे पर मौजूद लोगों की सांसें थम गईं। इस भूस्खलन का एक वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
 
वीडियो में पहाड़ का एक बड़ा हिस्सा टूटकर सड़क पर गिरता नजर आया, जिसके बाद सड़क का भी एक बड़ा हिस्सा टूटकर खाई में जा गिरा। इस वीडियो को राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा साझा किया गया था। पोंटा साहिब-शिलाई राजमार्ग को 100 मीटर तक सड़क का हिस्सा टूटने के बाद यातायात के लिए बंद कर दिया गया है। आसपास मौजूद स्थानीय लोगों ने भागकर अपनी जान बचाई।
 
पुलिस महानिदेशक संजय कुंडू ने वाहन चालकों को सावधानी से यात्रा करने की सलाह दी है। उन्होंने एक ट्वीट में कहा, हालांकि बारिश धीमी हो गई है, लेकिन सावधानी के साथ यात्रा करने की सलाह दी जाती है। सतर्क रहें, सुरक्षित रहें। इस बीच, पिछले तीन दिनों से सुदूर लाहौल-स्पीति जिले के उदयपुर में भूस्खलन के बाद यातायात के लिए बंद सड़कों के कारण फंसे पर्यटकों सहित लगभग 150 लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया है।
 
उपायुक्त नीरज कुमार ने मीडिया को बताया कि बचावकर्मियों ने लोगों को निकालने के लिए एक नाले (छोटी नदी) के ऊपर एक अस्थायी पैदल पुल का निर्माण किया। बाद में, उन्हें सार्वजनिक परिवहन वाहनों में ले जाया गया। कुमार ने कहा कि मनाली-लेह राजमार्ग और मनाली-उदयपुर राजमार्ग पर यातायात बहाल कर दिया गया है।
 
28 जुलाई को बादल फटने के बाद जिला मुख्यालय केलांग से करीब 15 किलोमीटर दूर उदयपुर अनुमंडल में टोजिंग नदी में आई अचानक आई बाढ़ में सात लोग बह गए थे। तीन लोग अभी भी लापता हैं और उनके मारे जाने की आशंका है। सरकार ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों के लिए एक सलाह जारी की है कि वे ऊंचे पहाड़ों और नदियों और भूस्खलन की चपेट में आने वाले अन्य स्थानों के पास न घूमें। 

 

 

 

  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

More News »