09 Aug 2020, 23:01:01 के समाचार About us Android App Advertisement Contact us app facebook twitter android
news » National

‘स्टेंड फॉर हैण्डमेड’ पहल से कारीगर, बनुकर, महिला उद्यमी छूट का लाभ उठा सकेंगे : अमेजन

By Dabangdunia News Service | Publish Date: Jul 2 2020 2:51PM | Updated Date: Jul 2 2020 2:52PM
  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

नई दिल्ली। अमेजन इण्डिया ने कलाकारों, बुनकरों एवं महिला उद्यमियों सहित 10 लाख से अधिक उद्यमियों की मदद के लिए एक नई पहल ‘स्टैण्ड फॉर हैण्डमेड’ की घोषणा की है। इस पहल के तहत एमज़ॉन कारीगर प्रोग्राम से आठ लाख से अधिक कलाकार और बुनकर तथा एमज़ॉन सहेली प्रोग्राम से 2.8 लाख से अधिक महिला उद्यमी 10 सप्ताह के लिए एवं शुल्क में शत प्रतिशत फीसदी छूट का लाभ उठा सकेंगे। यह छूट दोनों प्रोग्रामों में शामिल होने वाले नए विक्रेताओं के लिए भी उपलब्ध होगी।

अमेजन इण्डिया के सैलर सर्विसेज उपाध्यक्ष गोपाल पिल्लई ने कहा, ‘‘कारीगर, बुनकर समुदायों तथा महिला उद्यमियों पर कोविड-19 का सबसे ज्Þयादा असर हुआ है। हम समझते हैं कि भारतीय कारीगारी की समृद्ध धरोहर को प्रोत्साहित कर उनके कारोबार में फिर से सुधार लाना ज़रूरी है। हमारा स्टैण्ड फॉर हैण्डमेड अभियान इसी दिशा में एक प्रयास है। इस पहल से जहां एक ओर इन उत्पादों के लिए ऑनलाईन मांग बढ़ेगी, वहीं दूसरी ओर महामारी के चलते उनके व्यवसाय पर पड़े बुरे आर्थिक प्रभाव को कम करने में भी मदद मिलेगी।

उन्होंने कहा कि अमेजन ने कारीगर एवं सहेली विक्रेताओं से स्थानीय, हस्तनिर्मित उत्पादों के लिए उपभोक्ताओं की मांग बढ़ाने हेतु ‘स्टैण्ड फॉर हैण्डमेड’ स्टोर फ्रन्ट का निर्माण भी किया है। उपभोक्ता उत्तरी, दक्षिणी, पूर्वी, पश्चिमी और मध्य भारत सहित देश के विभिन्न हिस्सों के कलाकारों एवं महिला उद्यमियों द्वारा बनाए गए उत्पाद खरीद सकते हैं। इस स्टोर में खासतौर पर महिलाओं द्वारा, महिलाओं के लिए पेश किया गया कलेक्शन भी शामिल है।

उन्होंन कहा कि अमेजनडॉटइन ने हस्तकरघा एवं हस्तनिर्मित उत्पादों को पसंद करने वाले उपभोक्ताओं तक इन उत्पादों को पहुंचाने एवं कारीगरों की बाज़ार कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए 22 सरकारी एम्पोरियमों एवं पांच सरकारी संगठनों के साथ साझेदारी भी की है। आज 20 से अधिक राज्यों कारीगार इसके माध्यम से 60,000 से अधिक उत्पादों को प्रदर्शित करते हैं, जिसमें 270 से अधिक अनूठी कलाकृतियां शामिल हैं।

बड़ी संख्या भारतीय कारीगरों को ऑनलाइन लाने और उपभोक्ताओं के साथ जोड़ने के प्रयास में अमेजनडॉटइन ने हिमाद्री एम्पोरियम (उत्तराखण्ड हैण्डलूम एण्ड हैण्डीक्राफ्ट डेवलपमेन्ट काउन्सिल) और शबारी छत्तीसगढ़ राज्य एम्पोरियम को भी अपने साथ जोड़ा है। इससे उनके साथ जुड़े 10000 से अधिक कारीगर और बुनकर लाभान्वित होंगे जो ‘स्टैण्ड फॉर स्टोर फ्रन्ट’ के माध्यम से अपने उत्पादों का प्रदर्शन कर सकेंगे और एमज़ॉन के लाखों उपभोक्ताओं तक पहुंच सकेंगे।

ये कारीगर इस मंच के माध्यम से अनूठे उत्पादों को प्रदर्शित करेंगे जैसे उत्तराखण्ड की पारम्परिक अलीपन कारीगरी और छत्तीसगढ़ के बस्तर ज़िले से ढोकराया बैलमैटल उत्पाद आदी। श्रीमती मनीषा पंवर, अपर मुख्य सचिव, उत्तराखण्ड सरकार हिमाद्री एम्पोरियम ने कहा। ‘‘हम उत्तराखण्ड में 10000 से अधिक कारीगर परिवारों के साथ मिलकर काम करते हैं और उनके हस्तनिर्मित उत्पादों को उपभोक्ताओं तक पहुंचाने के लिए प्रयासरत हैं। हालही में हुए लॉकडाउन के चलते इन कारीगरों पर बुरा प्रभाव पड़ता है।

इन्हें भारत के उपभोक्ताओं के साथ जोड़ने के प्रयास में, हमने एमज़ॉन कारीगर के साथ साझेदारी की हैं हमें विश्वास है कि यह साझेदारी कोविड-19 के कारण व्यवसाय पर पड़े बुरे प्रभाव को कम करने में मदद करेगी। हम अमेजन केप्रति आभारी हैं जिन्होंने हमें अपने मंच के माध्यम से अपने उत्पाद बेचने का अवसर प्रदान किया है और उम्मीद करते हैं कि उनके सहयोग से हमारे कारीगर एवं बुनकर समुदायों का कारोबार फिर से बेहतर हो सकेगा।’’ 

एम गीता, आईएएस, सचिव, ग्रामीण उद्योग विभाग, छत्तीसगढ़ सरकार ने कहा, ‘‘शबारी छत्तीसगढ़ राज्य एम्पोरियम के लिए अमेजनडॉटइन के साथ जुड़ना बेहद गर्व की बात है, इस पहल के ज़रिए हम स्थानीय समुदायों के कारीगरों और महिला उद्यमियों को लाभान्वित कर सकेंगे। हमें विश्वास है कि यह पहल स्थानीय कारीगरों को लाखों उपभोक्ताओं के साथ जोड़ेगी, उन्हें अपने उत्पादों के लिए नए एवं उचित बाज़ार उपलब्ध कराएगी।

निरवी हैण्डी क्राफ्ट्स के निदेशक अतिश चवन ने कहा कि हाल ही में, अमेजन ने 27 जून को लघु उद्योग दिवस मनाया, जिसने हज़ारों विक्रेताओं को आर्थिक मंदी से उबरने में मदद की है। सहेली प्रोग्राम के तहत महिला उद्यमियों को मिलने वाले ऑर्डर्स में पांच गुना बढ़ोतरी हुई है। इसी तरह कारीगर प्रोग्राम से जुड़े बुनकरों और कारीगरों के व्यवसाय में भी 4.5 गुना बढ़ोतरी हुई है। कारीगर और सहेली प्रोग्राम के तहत सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले लघु उद्यमों में शामिल हैं।

 
  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

More News »